10 MARATHI BOOKS RELATING TO «हलो»
Discover the use of
हलो in the following bibliographical selection. Books relating to
हलो and brief extracts from same to provide context of its use in Marathi literature.
1
पैर तले की जमीन (Hindi Sahitya): Pair Tale Ki Jamin(Hindi ...
रीता : (टेलीफोन की कमानी को लगातार खटखटाती हुई) हलो एक्सचेंज...हलो, हलो...। टेलीफोन िबल्कुल बेजान है। मेरा ख्याल है इसकी लाइन कट गई है। (िफर उसी तरह खटखटाती हुई) हलो,...हलो, हलो ...
मोहन राकेश, Mohan Rakesh, 2015
कटे दिले होते अनंतर/वानर जेवण करायला वहरचेच लोक होती सकाराम इथाम खेर पगी है तोर तुकाराम तानु हलो बाल बापू रसंद्वाठकर रामजी लामण अबितकर संभाली रामजी ह/टे, नया बापू जाधन देऊ ...
P. R. M. Bivalakara, J. R. Kamble, 1977
3
हिन्दी (E-Book): Hindi - पृष्ठ 229
उठाकर) हलो, क्यों. --- --- --- --- --- हाँ, हाँ कप्तान साहब तो कभी के चले गये। क्या, उनका पता नहीं मिल रहा ? नहीं वे “वे भीड़ के सामने थे। मैंने देखा था। जी हाँ, मैंने देखा था। उधर का क्या हाल ...
Dr. Trilokinath Srivastava, 2015
4
Mudrikā-rahasya: vyaṅgya racanaem̐ - पृष्ठ 149
अब मुस्कराई तो मेंने सोचा, यार मुस्करा तो रही है मगर पास जाएँ और पलती मार दे, 'हलो' कहो और जवाब बोल के नहीं है तो दूकान ने यया करना ? और केसा करना ? रिस्क आ गई सामने । सोचा, यार जा ...
"हलो! हलो!" पाले तो संदेह होता है । इम, ही है । इमन-मना पर बाद में पता लगता है, झाम नहीं । बल दूर से राती अना रही मशीनो अप । कुछ हवा के ओई । "हलो! हती! मैं मिसेज यगेठारी दोल रहीं हूँ अजब ...
6
Karyavahi; Adhikrta Vivarana [Proceedings]
व्यक्तियों के बैलो को चन्द्रपुरा प्राम के काजी हाउस में रखा गया तथा हलो को विभागीय देखरेख में वन रक्षक चंदपुरा के पास रखा गया है इन बैलो तथा हलो को अपराधियों के नजदीकी ...
Madhya Pradesh (India). Vidhan Sabha, 1968
(बाळासाहेब कविता वाचतो, दातार वरपांगी हसतात आणि त्याच वेळी टेलिफोनची घंटा खणखणुन वाजते.) बालासाहेब :(फोन घेऊन) हलो, कोण पाहिजे? अक्कासाहेब :(फोनवर) हलो, ते आहेत का तिर्थ?
8
Upanyāsa: Merī terī usakī bāta
गली के इस भाग में केवल मिस्टर सिंह से उसकी 'हलो' । किम पुकार लेता, "हलो मिस्टर संत 1" सिंह मुस्करा देता, "हलो ज्ञान किम ग्रोव 1" कभी "ज्ञान गोट 1" किम दाँत दिखा देता, ""हा, हा, यू बासी ...
9
Bāteṃ mana kī: videśoṃ meṃ rahane vāle Bhāratīyoṃ kī ... - पृष्ठ 34
यहां वाली में जाम' झटका-सा लगता है । रिसीवर उठाने के बद "हलो" सुनने, कहने का नियम भी मजेदार होता है । हर शम का "हली" उच्चारण करने और कहने का एक निजी तरीका होता है । इसके "हलो", "हल्ली" ...
Rājendra Miśra (Ḍā.), 1984
10
Hindī-iṇṭaravyū, udbhava aura vikāsa, 1905-1975
... "कबिरा खड] बजार ज्ञा (परसाई)] "भड/कमचार ) एक इण्डरध्या (केलकर): "कविवर दृशेन्द्र है (चतुवचिर,प "हलो-हलो" (ठयास्र्ण/| जूष्टरठदृ रसुरीरवालराप आदि इस प्रकार की रचनाएँ है है श्री केशवचन्द्र ...